Thursday, 5 December 2013

तुम्हारे बिना कुछ भी नही  है , कंही 
तुम हो तो,सबकुछ अच्छा लगता है 
नही पता इस फरेबी दुनिया में 
तुम जैसी भोली भली कैसे रहती हो 
मेरी प्यार 
तुमने मेरे प्यार को 
बहुत अच्छी तरह सम्भाला है 

Tuesday, 3 December 2013

बहुत अच्छी लगती हो 
जणू जानु जानु जानु जानू जानू 
एक 
एक तेरे आ जाने से 
जिंदगी इतनी हसीं कैसे हो गयी 
ये आजतक नही समझा 
तुम्हारे होने भर से 
जिंदगी होने का अर्थ है 
तुम अच्छी लगती हो 
क्यों लगती हो  इसका तो कुछ पता ही नही 
जानने कि कोशिश ही नही कि 
कि  तुम क्यों अच्छी लगती हो 

Monday, 2 December 2013

तेरे 

तेरे बिन जिंदगी , इतनी आसान तो नही थी 
मुसीबतें तो थी, तेरी मुस्कान संग न थी